गौतम बुद्ध की बचपन की कहानी और सच्चाई | गौतम बुद्ध Childhood Story and Truth

गौतम बुद्ध की बचपन की कहानी और सच्चाई | गौतम बुद्ध Childhood Story and Truth

Hello Friends स्वागत है, आपका हमारे नए Articial में  आपको गौतम बुद्ध की बचपन की कहानी के बारे में बताने जा रहे हैं। जो कि यदि कोई हमारे जैसा आम व्यक्ति पढ़ ले और उससे शिक्षा प्राप्त करें। तो उसका जीवन बदल जाएगा तथा सभी समस्याओं का समाधान मिल जाएगा। तो दोस्तों बिना किसी देरी के शुरू करते हैं। गौतम बुध की कहानियां सुनने वाली दोस्तों हमारा आपसे अनुरोध है कि आप हमारे इस आर्टिकल को अंत तक पढ़े। जिसके माध्यम से हमारा उद्देश्य है वह आप तक पहुंचे कहानी के पश्चात प्राप्त हुई शिक्षा की जरूरत है। जिस भी व्यक्ति को है तब हमारा आर्टिकल उस व्यक्ति तक जरूर शेयर करें तथा हमारे उद्देश्य सफल बनाएं।

गौतम बुद्ध Childhood Story and Truth

एक समय की बात है। एक गांव में एक किसान रहता था जो कि अपनी समस्याओं से बहुत परेशान था। उसकी बीवी  तथा दो बच्चे थे जिनका  पालन-पोषण बहुत सी समस्याओ  के साथ हो रहा था। उस की समस्याओं को देखते हुए उसके मित्र ने उसको यह सुझाव दिया कि वह महात्मा गौतम बुद्ध से मिले। गौतम बुद्ध वह उसको उसकी समस्याओं का कोई न कोई समाधान अवश्य बतायेगे ।

Gautam Buddha childhood story


अपनी समस्या का समाधान मिलने के लालच में वह किसान गौतम बुध से मिलने के लिए चला गया। गौतम बुद्ध से मिलने के पश्चात उसने गौतम बुध को बताया कि वह बहुत परेशान है। उसके पास खाने के लिए कुछ भी नहीं है। खाने-पीने का हिसाब हो जाये। इस कारण ही उसने इस वर्ष फसल उगाई थी। परंतु भारी वर्षा के कारण से सारी की सारी फसल नष्ट हो गई।  जिसकी वजह से है उसके पास खाने पीने के लिए अब कुछ भी नहीं है।बीवी बच्चों के पालन पोषण की व्यवस्था के कारण वह कर्ज़दार भी हो चुका है |

Buddha childhood story


अपनी सभी समस्याएं बताने के पश्चात उसने गौतम बुद्ध  से कहा कि आप मेरी समस्या का समाधान बताएं। मैं आपके पास बहुत उम्मीदों से आया हूं मैं यहां से तभी उठूँगा।  जब आप के दुवारा मेरी सभी समस्याओं का समाधान हो जाएगा। इस प्रकार की जिद को बनाते हुए गरीब किसान गौतम बुद्ध  के सामने बैठा रहा परंतु गौतम बुद्ध  कुछ नहीं बोले।

कुछ समय पश्चात किसान ने दोबारा पूछा कि आप कुछ बोलते क्यों नहीं। परंतु गौतम बुद्ध कुछ ना बोले इस बात पर गुस्से में आकर गरीब किसान ने कहा कि मैं अपना सब कुछ छोड़कर और इतना त्याग कर कर आपके पास मिलने आया हूं। परंतु आप कुछ बोल ही नहीं रहे हैं। उसकी इस अवस्था को देखते हुए गौतम बुद्ध ने कहा कि आप वापिस जा सकते हैं। क्योंकि मेरे पास आपकी किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। ऐसा सुनने के बाद किसान ने कहा कि यह आप क्या कह रहे हो। मैंने सुना है कि आप सभी की समस्याओं का समाधान बताते हो ऐसी भी क्या समस्या है।  जिसका आप समाधान नहीं बता सकते हो।

गौतम बुद्ध की बचपन की कहानी


उसका यह जवाब सुनने के पश्चात गौतम बुद्ध चुप  रहे और कुछ भी ना बोले किसान को काफी क्रोध आया उसके पश्चात उसने कहा कि आप से अच्छी तो वह ज्ञानी बाबा है। जो मेरे घर पर यज्ञ कर के और दान दक्षिणा लेकर गए हैं। जिसके पश्चात से मुझे बहुत शांति भी प्राप्त हुई है। और मेरे कुछ दुख भी कम हुए हैं। अगर यह बात मुझे पहले मालूम होती तो मैं आपसे मिलने इतनी दूर नहीं आता और अपनी समस्याओं का समाधान भी उन्हीं ज्ञानी बाबा से लेता। परंतु मुझे आपकी यह व्यवहार के बारे में नहीं पता था।

Ashish Singh

My name Is Ashish Singh. I am Belong To Haryana ( Panipat ). So Friends I am Student Of College Student and My Dream Online Marketing , Programming. My Experience of Blogging 4 Year And My Earning Source Blogging, Instagram, YouTube.

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